Shri Laxmi Mata Aarti
श्री लक्ष्मी माता आरती (Shri Laxmi Mata Aarti) माँ लक्ष्मी धन, समृद्धि, ऐश्वर्य, सौभाग्य, सुख-शांति और वैभव की अधिष्ठात्री देवी हैं। वे भगवान श्री विष्णु की अर्धांगिनी हैं और सनातन धर्म में उनका विशेष स्थान […]
श्री लक्ष्मी माता आरती (Shri Laxmi Mata Aarti) माँ लक्ष्मी धन, समृद्धि, ऐश्वर्य, सौभाग्य, सुख-शांति और वैभव की अधिष्ठात्री देवी हैं। वे भगवान श्री विष्णु की अर्धांगिनी हैं और सनातन धर्म में उनका विशेष स्थान […]
श्री सरस्वती माता की आरती(Shri Saraswati Mata Ki Aarti) माँ सरस्वती ज्ञान, विद्या, बुद्धि, संगीत, कला, वाणी और विवेक की अधिष्ठात्री देवी हैं। हिंदू धर्म में उन्हें शिक्षा, साहित्य, संगीत और सभी प्रकार की […]
अम्बे तू है जगदम्बे काली (Ambe tu hai Jagdambe Kali) ‘अम्बे तू है जगदम्बे काली’ माँ दुर्गा की सर्वाधिक लोकप्रिय आरतियों में से एक है। इसका पाठ शुक्रवार, चैत्र एवं शारदीय नवरात्रि, अष्टमी, माता […]
श्री अम्बे माता की आरती (Shri Ambe Mata Aarti) श्री अम्बे माता (माँ दुर्गा, माँ जगदम्बा, माँ गौरी) शक्ति, करुणा और मातृत्व का स्वरूप हैं। उनकी आरती श्रद्धा और भक्ति के साथ गाने से भक्त […]
ॐ जय जगदीश हरे आरती (Om Jai Jagdish Hare) “ॐ जय जगदीश हरे” भारत की सबसे प्रसिद्ध और सर्वाधिक गाई जाने वाली आरतियों में से एक है। यह आरती भगवान विष्णु (जगदीश) की स्तुति […]
श्री शनिदेव महाराज जी की आरती (Shri Shani Dev Maharaj Ji ki Aarti) श्री शनिदेव जी की आरती भगवान शनिदेव की स्तुति में गाई जाने वाली अत्यंत लोकप्रिय आरती है। श्रद्धालु विशेष रूप से […]
श्री गणेश आरती (Shri Ganesh Aarti) “जय गणेश जय गणेश जय गणेश देवा” भगवान श्री गणेश जी की सबसे लोकप्रिय और श्रद्धापूर्वक गाई जाने वाली आरतियों में से एक है। यह आरती भगवान गणेश के […]
शिव आरती – ॐ जय शिव ओंकारा (Shiv Aarti – Om Jai Shiv Omkara) “ओम जय शिव ओंकारा” भगवान शिव को समर्पित सबसे लोकप्रिय हिंदू भक्ति गीतों (आरतियों) में से एक है। इसे पारंपरिक […]
श्री बालाजी आरती (Shri Balaji Aarti) श्री मेहंदीपुर बालाजी आरती भगवान हनुमान जी के बाल रूप (बालाजी महाराज) की स्तुति में गाई जाने वाली प्रसिद्ध आरती है। यह राजस्थान के मेहंदीपुर बालाजी मंदिर में प्रतिदिन […]
श्री हनुमान जी की आरती (Shri Hanuman Aarti) हनुमान जी की आरती गाने का मुख्य उद्देश्य केवल एक धार्मिक परंपरा निभाना नहीं है, बल्कि अपने मन में भक्ति, साहस, विनम्रता और भगवान श्रीराम के प्रति […]